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Tag Archives: निर्वाण

Principles of Jainism – जैन धर्म के सिद्धांत

निवृत्तिमार्ग जैन धर्म भी बौद्ध धर्म के समान निवृत्तिमार्गी था। संसार के समस्त सुख दु:ख मूलक हैं। मनुष्य आजीवन तृष्णाओं के पीछे भागता रहता है। वास्तव में यह मानव शरीर ही क्षणभंगुर है। जैन धर्म इन दु:खों से छुटकारा पाने हेतु तृष्णाओं के त्याग पर बल देता है। वह मनुष्यों को सम्पत्ति, संसार, परिवार आदि सब का त्याग करके भिक्षु …

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What is Buddhism – बौद्ध धर्म क्या है?

बौद्ध-दीक्षा का मंत्र बुद्धं सरणं गच्छामि : मैं बुद्ध की शरण लेता हूँ। धम्मं सरणं गच्छामि : मैं धर्म की शरण लेता हूँ। संघं सरणं गच्छामि : मैं संघ की शरण लेता हूँ। बौद्ध धर्म क्या है? यो च बुद्धं च धम्मं च संघं च सरणं गतो। चत्तारि अरिय सच्चानि सम्मप्पञ्ञाय पस्सति॥ दुक्खं दुक्खसमुप्पादं दुक्खस्स च अतिक्कमं। अरियं चट्ठगिंकं मग्गं …

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Buddhism History – बौद्ध धर्म का इतिहास

बौद्ध धर्म भारत की श्रमण परम्परा से निकला धर्म और दर्शन है. इसके प्रस्थापक महात्मा बुद्ध शाक्यमुनि (गौतम बुद्ध) थे. वे 563 ईसा पूर्व से 483 ईसा पूर्व तक रहे. ईसाई और इस्लाम धर्म से पहले बौद्ध धर्म की उत्पत्ति हुई थी. दोनों धर्म के बाद यह दुनिया का तीसरा सबसे बड़ा धर्म है. इस धर्म को मानने वाले ज्यादातर …

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