टेनिस स्टार मार्टिना हिंगिस ने तीसरी बार टेनिस से संन्यास

स्विस टेनिस स्टार मार्टिना हिंगिस ने अपने निश्चित संन्यास की घोषणा की है. इसके साथ ही एक ऐसे करियर का अंत हो गया, जिसमें वह 1990 के दशक में किशोरी के रूप में सुपरस्टार बनी और फिर उसके लगभग 20 साल बाद विश्व युगल में नंबर एक पर पहुंचीं. हिंगिस ने अपने इस लंबे और शानदार करियर में 25 ग्रांड स्लैम खिताब अपने नाम किए, जिसमें से 5 एकल, 7 मिश्रित युगल और 13 महिला युगल खिताब थे. 

गौरतलब है कि यह 37 वर्षीय स्विस खिलाड़ी इससे पहले दो बार संन्यास ले चुकी थीं. सबसे पहले अपने करियर समाप्त करने के बारे में, 2003 में, 22 वर्ष की उम्र में ही लगातार चोटिल होने के चलते फैसला लिया था. तब तक वह तीन ऑस्ट्रेलियन ओपन, एक विम्बलडन, और एक यूएस ओपन जीत चुकीं थीं. 2006 में लौटने के बाद उन्हें सिंगल्स के मुकाबले डबल्स में अधिक सफलता मिली.

फिर एक बार कोकीन के लिये किये गये परीक्षण में पाजीटिव पाये जाने के बाद उन्होंने खेल छोड़ने की घोषणा की थी. लेकिन उन्होंने 2013 में फिर वापसी की और एक बार फिर डबल्स टेनिस में 4 महिला युगल और 6 मिश्रित युगल खिताब जीते.गौरतलब है कि मार्टीना हिंगिस भारतीय टेनिस सितारों सानिया मिर्जा और लिएंडर पेस दोनों से युगल मैंचों के लिए सफल जोड़ी बना चुकीं हैं और उनके साथ कई युगल खिताब अपने नाम कर चुकीं हैं.   

उन्होंने कहा है कि सिंगापुर में चल रहा डब्ल्यूटीए फाइनल्स उनका अंतिम टूर्नामेंट होगा. हिंगिस ने चान यंग जान के साथ मिलकर अन्ना लेना ग्रोनफील्ड और क्वेटा पाश्क को युगल में 6-3, 6-2 से हराने के बाद पत्रकारों से कहा मुझे लगता है कि इस बार निश्चित है.

यह अलग हटकर है क्योंकि इससे पहले जब मैंने संन्यास लिया था तो यह सोच रही थी कि मैं वापसी कर सकती हूं. उन्होंने कहा इस सत्र के बाद मुझे लगता है कि यह अलविदा कहने का सही समय है। आप जब शीर्ष पर होते हो तो तब खेलना छोड़ना चाहते हों ना कि तब जबकि आप संघर्ष कर रहे होते हों.

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