Oops! It appears that you have disabled your Javascript. In order for you to see this page as it is meant to appear, we ask that you please re-enable your Javascript!

इंग्लैंड के खिलाफ होने वाले पहले टेस्ट के बाद अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से संन्यास ले लेंगे रंगना हेराथ

स्पिनर रंगना हेराथ गाले में इंग्लैंड के खिलाफ होने वाले पहले टेस्ट के बाद अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से संन्यास ले लेंगे। उनके संन्यास लेने के साथ ही 20वीं सदी में डेब्यू करने वाले कोई भी क्रिकेटर अंतरराष्ट्रीय टेस्ट खेलता नजर नहीं आएगा।

वे आखिरी सक्रिय टेस्ट क्रिकेटर हैं, जिसने 1999 या उससे पहले टेस्ट डेब्यू किया हो। यह एक संयोग ही है कि हेराथ उसी मैदान पर अपना आखिरी टेस्ट खेलेंगे, जहां उन्होंने डेब्यू किया था। उन्होंने 1999 में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ इसी मैदान पर पहला टेस्ट खेला था।

 

1999 पहले डेब्यू करने वालों में वेस्टइंडीज के क्रिस गेल और पाकिस्तान के शोएब मलिक ही अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में सक्रिय हैं, लेकिन दोनों टेस्ट नहीं खेलते। भारतीय क्रिकटर्स की बात करें तो हरभजन सिंह ने 1998 में डेब्यू किया था, लेकिन 2015 के बाद से उन्होंने कोई टेस्ट नहीं खेला है।

टीम इंडिया की मौजूदा परिस्थितियों को देखते हुए उनकी टेस्ट टीम में वापसी अब कठिन है। हेराथ ने भले ही 1999 में ही डेब्यू किया था, लेकिन मुथैया मुरलीधरन के रहते हुए टीम में उनकी जगह पक्का नहीं होती थी। शायद यही वजह रही कि 2010 तक उन्हें सिर्फ 22 टेस्ट खेलने को मिले।

इस दौरान 37.88 की औसत से 71 विकेट लिए थे। जुलाई 2010 में मुरली के संन्यास के बाद से वे टीम के नियमित सदस्य बने। पिछले आठ साल में उन्होंने 70 मैच में 25.98 की औसत से उन्होंने 359 विकेट लिए। फिलहाल हेराथ के नाम 92 टेस्ट 430 विकेट हैं।

हेराथ के रहते ही दिसंबर, 2011 में श्रीलंका ने दक्षिण अफ्रीका में पहला टेस्ट जीता था। उस मैच में उन्होंने 11 विकेट लिए थे। 2012 में 60 विकेट लेकर हेराथ टेस्ट रैंकिंग में नंबर एक गेंदबाज बने थे। पाकिस्तान के खिलाफ 2014 में हुए कोलंबो टेस्ट में उन्होंने पहली पारी में नौ और दूसरी में पांच विकेट लिए थे।

पाक के खिलाफ उनके सबसे ज्यादा 230 विकेट हैं। गाले में मुरलीधरन के नाम 100 से ज्यादा विकेट हैं। वे यहां इस आकंड़े तक पहुंचने वाले इकलौते गेंदबाज हैं। हालांकि, अब हेराथ भी उनके क्लब में शामिल हो सकते हैं। ऐसा करने के लिए हेराथ को इंग्लैंड के खिलाफ सिर्फ एक विकेट की दरकार है।

उनकी गेंदबाजी को देखकर यह तय माना जा रहा है कि मुरली के बाद वे यहां 100 विकेट लेने वाले दूसरे गेंदबाज बन जाएंगे। हेराथ की उम्र 40 साल से ज्यादा है। उन्होंने पिछले पांच साल में 230 विकेट लिए। वे 35 साल की उम्र के बाद इतने विकेट लेने वाले इकलौते क्रिकेटर हैं।

यही नहीं, अगर वे अपने आखिरी टेस्ट में पांच विकेट ले लेते हैं तो न्यूजीलैंड के रिचर्ड हेडली (431 विकेट), इंग्लैंड के स्टुअर्ट ब्रॉड (433) और भारत के कपिलदेव (434) को पीछे छोड़कर सबसे ज्यादा विकेट लेने वाले दुनिया के सातवें गेंदबाज बन जाएंगे।

Check Also

श्रीलंका के पूर्व क्रिकेटर तिलकरत्ने दिलशान ने की राजनीति में एंट्री

श्रीलंका क्रिकेट टीम के पूर्व कप्तान और स्टार क्रिकेटर तिलकरत्ने दिलशान ने राजनीति में कदम …

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *