Oops! It appears that you have disabled your Javascript. In order for you to see this page as it is meant to appear, we ask that you please re-enable your Javascript!

पढ़ाई में मन लगाने के लिए अपनाएं वास्तुशास्त्र के ये टि‍प्‍स

girl_studying

जिन छात्रों का पढ़ाई में दिल नहीं लगता है, वे भी वास्तु को अपनाकर शिक्षा में अपनी एकाग्रता बढ़ा सकते है। आइए जानें शिक्षा में एकाग्रता बढ़ाने के लिेए क्या हैं, वास्तु टिप्स।

  • इशान कोण में सरस्वती की फोटो लगाऐं।
  • इशान कोण [उत्तर -पूर्व] का तत्व जल है इसलिए जल तत्व से सम्बन्धित फोटो लगाने से ज्ञान की वृद्धि होती है।
  • ज्ञान के तत्व को बढ़ाने के लिए बगीचे के इशान कोण में फव्वारें लगाऐं।
  • ज्ञान के तत्व को बढ़ाने के लिए बैठक कक्ष के इशान कोण में मछली घर लगाऐ।
  • इशानकोण ज्ञान ,विवेक ,पढ़ाई का कोना है। अत: बच्चों को स्टडी रूम इसी तरफ बनाएं।
  • इशान कोण में स्टडी टेबल को पूर्व मुखी रखें। पढ़ते समय मुंह पूर्व की ओर होना चाहिए ,कम्पूटर को आग्नेय दिशा में रखें।
  • ज्ञान प्राप्ति के चाहवान जातक पूर्व में एवं धन प्राप्ति के लिए दक्षिण में सोएं, बच्चों को पूर्व में सर रखके सोना चाहिए।
  • कमरे के अन्दर दर्पण न रखें क्योंकि इससे ध्यान भंग होता है।
  • खेलने की कोई सामग्री पढऩे के कमरे में न रखें इससे ध्यान भंग होता है।
  • कमरा जितना खुला होगा उतना ऊर्जा का प्रवाह अच्छा होगा।
  • ज्ञान की उर्जा को बढ़ाने के लिए पिला बल्ब इशान कोण में जलाएं।
  • कमरे में सीलन,जाले एवं गंदगी नहीं होनी चाहिए क्योंकि यह नकारात्मक उर्जा का वाहक है।
  • अध्ययन कक्ष हल्के नारंगी रंग का होना चाहिए।
  • पढऩे के मेज पर एक पिरामिड रखने से छात्र के लिए पर्याप्त स्मृति और अवशोषण प्रदान होगा।
  • अध्ययन करने वालों के लिए पेंडुलम घड़ी बहुत महत्वपूर्ण है।
  • कमरे के पूर्वोत्तर हिस्से में भारी वस्तुएं न रखें। इससे छात्रों के दिलों-दिमाग पर दबाव बना रहता है।

Check Also

Vaastu Shastra and Mirrors दर्पण से दूर करें वास्तु दोष

Vaastu Shastra and Mirrors दर्पण से दूर करें वास्तु दोष  दर्पण को अगर वास्तु के …