Oops! It appears that you have disabled your Javascript. In order for you to see this page as it is meant to appear, we ask that you please re-enable your Javascript!

मनी लॉन्ड्रिंग केस में विजय माल्या दूसरी बार लंदन में अरेस्ट

भारत छोड़कर भागे विजय माल्या को ब्रिटेन में दूसरी बार अरेस्ट किया गया। बाद में उसे वेस्टमिंस्टर मजिस्ट्रेट कोर्ट में पेश किया। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, माल्या को इस बार आधे घंटे में ही बेल मिल गई। बाहर आकर माल्या ने कहा आपने सब कुछ कोर्ट में सुन ही लिया होगा, मुझे कुछ नहीं कहना है। इससे पहले इसी साल लंदन एडमिनिस्ट्रेशन ने माल्या को रेड कॉर्नर नोटिस के आधार पर पहली बार 18 अप्रैल को अरेस्ट किया था, लेकिन 3 घंटे में जमानत मिल गई थी।

बता दें कि माल्या पर 17 बैंकों के 9,432 करोड़ रुपए बकाया हैं। गिरफ्तारी से बचने के लिए वे पिछले साल 2 मार्च को देश छोड़कर भाग गए थे। भारत ने इस साल 8 फरवरी को ब्रिटेन से उसके एक्स्ट्राडीशन (प्रत्यर्पण) की रिक्वेस्ट की थी।न्यूज एजेंसी के मुताबिक, मनी लॉन्ड्रिंग के दूसरे केस में विजय माल्या को अरेस्ट किया गया। यूके क्राउन प्रॉसिक्यूशन सर्विस (सीपीएस) ने बताया कि इस मामले में इन्फोर्समेंट डायरेक्टोरेट (ईडी) ने केस फाइल किया था।

2 मार्च 2016 से ही माल्या लंदन में रह रहा है। ईडी और सीबीआई को माल्या की तलाश थी। प्रिवेंशन ऑफ मनी लॉन्ड्रिंग एक्ट (PMLA) से जुड़े एक मामले में मुंबई की स्पेशल कोर्ट माल्या को भगोड़ा घोषित कर चुकी थी। माल्या का पासपोर्ट भी रद्द किया गया था। इसी साल फरवरी में भारत ने यूके से माल्या की वापसी के लिए रिक्वेस्ट भेजी थी।

इसके बाद मार्च में ब्रिटिश पीएम थेरेसा मे ने लंदन में अरुण जेटली से प्रोटोकॉल तोड़कर मुलाकात की थी। इस मुलाकात में माल्या को भारत को सौंपने पर चर्चा हुई थी।मार्च में ही यूके ने भारत को बताया था कि उसकी रिक्वेस्ट को फॉरेन मिनिस्ट्री ने सर्टिफाई कर दिया है।यूके गवर्नमेंट ने आगे की कार्रवाई के लिए केस को डिस्ट्रिक्ट जज के पास भेजा। इसके बाद माल्या को एक्स्ट्राडिशन वारंट पर बीते अप्रैल अरेस्ट किया गया। वारंट जारी होने के बाद माल्या खुद सेंट्रल लंदन पुलिस स्टेशन पहुंचे थे।

31 जनवरी 2014 तक किंगफिशर एयरलाइन्स पर बैंकों का 6,963 करोड़ रुपए बकाया था। इस कर्ज पर इंटरेस्ट के बाद माल्या की टोटल लायबिलिटी 9,432 करोड़ रुपए हो चुकी है।सीबीआई ने 1000 से भी ज्‍यादा पेज की चार्जशीट में कहा कि किंगफिशर एयरलाइन्स ने IDBI की तरफ से मिले 900 करोड़ रुपए के लोन में से 254 करोड़ रुपए का निजी इस्‍तेमाल किया।

किंगफिशर एयरलाइन्स अक्टूबर 2012 में बंद हो गई थी। दिसंबर 2014 में इसका फ्लाइंग परमिट भी कैंसल कर दिया गया।डेट रिकवरी ट्रिब्‍यूनल ने माल्या और उनकी कंपनियों UBHL, किंगफिशर फिनवेस्ट और किंगफिशर एयरलाइन्स से 11.5% प्रति साल की ब्याज दर से वसूली की प्रॉसेस शुरू करने की इजाजत दी थी।

एन्फोर्समेंट डायरेक्टोरेट (ईडी) ने PMLA(प्रिवेंशन ऑफ मनी लॉन्ड्रिंग एक्ट) कोर्ट में माल्या के खिलाफ 5000 पेज की चार्जशीट दाखिल की थी। इसमें सिलसिलेवार बताया गया कि 400 करोड़ रुपए देश के बाहर कैसे भेजे गए और इसमें कानून कैसे तोड़ा गया?चार्जशीट में कहा गया है कि किंगफिशर एयरलाइंस की बेहद खराब फाइनेंशियल कंडीशन के बावजूद आईडीबीआई ने 860.92 करोड़ रुपए का लोन दिया, जबकि माल्या की एयरलाइंस नेगेटिव नेट वर्थ और कम क्रेडिट रेटिंग से गुजर रही थी।

चार्जशीट में इसे आपराधिक साजिश के तौर पर दर्ज किया गया है।PMLA कोर्ट ने चार्जशीट पर सुओ मोटो लेते हुए माल्या के खिलाफ नॉन बेलेबल वारंट जारी कर दिया। यह मामला आईडीबीआई बैंक से लिए 900 करोड़ के लोन से जुड़ा है। इससे पहले भी सीबीआई ने माल्या के खिलाफ नॉन बेलेबल वारंट जारी किया था।अप्रैल में गिरफ्तारी के बाद बातचीत में माल्या ने कहा था कि वो बैंकों के साथ 9 हजार करोड़ रुपए के लोन का सेटलमेंट करने के लिए तैयार हैं।

उन्होंने एक बार में सेटलमेंट करने के लिए 6868 करोड़ रुपए देने की बात कही थी।माल्या ने ये जवाब उस सवाल पर दिया, जिसमें पूछा गया था कि जांच एजेंसियों को को-ऑपरेट करने और बैंकों के पैसे लौटाने के लिए आपकी क्या शर्तें हैं?माल्या ने कहा था सबको मेरी तरफ से बैंकों को दिए सेटलमेंट ऑफर से जुड़ी शर्त और कर्नाटक हाईकोर्ट की कानूनी कार्यवाही ऑब्जर्व करने की जरूरत है।

Check Also

मप्र में छापों में हुआ 230 करोड़ के बेनामी लेनदेन का भी खुलासा

मध्यप्रदेश में आयकर विभाग की छापे की कार्रवाई में 281 करोड़ रु. के बेहिसाबी कैश …

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *